विपिन जोशी..
कोट भ्रामरी मेले में राष्ट्रीय क्षय उन्मूलन कार्यक्रम के तहत निःशुल्क स्वास्थ्य शिविर, 1000 से अधिक लोगों की हुई जांच
बागेश्वर, 31 अगस्त 2025: उत्तराखंड के बागेश्वर जिले में आयोजित कोट भ्रामरी मेले में स्वास्थ्य विभाग ने राष्ट्रीय क्षय उन्मूलन कार्यक्रम (NTEP) के बैनर तले दो दिवसीय निःशुल्क टीबी जांच शिविर का आयोजन किया। इस शिविर में 1000 से अधिक लोगों की मुफ्त जांच की गई, जिसका उद्देश्य टीबी के मामलों का शीघ्र पता लगाना और प्रभावी उपचार सुनिश्चित करना है।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) बागेश्वर, कुमार आदित्य ने स्वयं अपनी टीम के साथ शिविर का संचालन किया। उन्होंने हिंदुस्तान संवाददाता को बताया कि केंद्र सरकार ने 2025 तक भारत को टीबी मुक्त बनाने का लक्ष्य रखा है। NTEP, स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय के तहत संचालित एक प्रमुख स्वास्थ्य कार्यक्रम है, जो टीबी के नियंत्रण और उन्मूलन के लिए समर्पित है। शिविर के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि कोट भ्रामरी मेला जैसे आयोजनों में शिविर आयोजित करने से ग्रामीण और सुदूर क्षेत्रों में रहने वाले लोगों तक स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाई जा रही हैं। शिविर में डिजिटल कलर X-ray जैसी निःशुल्क डायग्नोस्टिक सुविधाएं प्रदान की गई। सक्रिय केस खोज (Active Case Finding) अभियान के तहत अधिक से अधिक टीबी मामलों का पता लगाने और उनका उपचार करने पर जोर दिया गया।
अभियान की प्रमुख विशेषताएं
सीएमओ ने राष्ट्रीय क्षय उन्मूलन कार्यक्रम की विशेषताओं पर प्रकाश डालते हुए बताया:
– निःशुल्क डायग्नोस्टिक सेवाएं जैसे X-ray।
– निजी क्षेत्र के साथ सहयोग (PPM)।
– सक्रिय केस खोज अभियान।
– मल्टी-ड्रग थेरेपी (MDT) और DOTS रणनीति के तहत मुफ्त दवाएं वितरित करना।
– दवा-प्रतिरोधी टीबी के लिए विशेष उपचार।
– आशा कार्यकर्ताओं के माध्यम से उपचार की निगरानी।
– बीसीजी टीकाकरण और जागरूकता अभियान।
– हवा से फैलने वाले संक्रमण को नियंत्रित करने के उपाय।
– स्वास्थ्य ढांचे का सुदृढ़ीकरण।
– प्रशिक्षण और अनुसंधान को बढ़ावा देना आदि तरीकों से टीबी उन्मूलन अभियान संचालित किया जा रहा है।
सीएमओ ने महत्वपूर्ण जानकारी देते हुए बताया कि राष्ट्रीय रणनीतिक योजना के तहत 2025 तक टीबी की घटनाओं को 80% और मृत्यु दर को 90% कम करने का लक्ष्य है।





