अणा जिला पंचायत शीट पर संग्राम

विपिन जोशी /
त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव प्रचार के अंतिम दौर में गरुड़ विकास खंड की अणा जिला पंचायत शीट महा रोचक हो गई है. बीजेपी कांग्रेस समर्थित प्रत्याशियों को सोचने पर मजबूर किया स्वतंत्र प्रत्याशी भाष्कर बोरा ने . अणा जिला पंचायत शीट पर बीजेपी और कांग्रेस दोनों पार्टियों की साख दाव पर लगी है. पिछली बार उक्त शीट पर सुनील दोसाद ने अपनी पत्नी के नाम पर स्वतंत्र चुनाव लड़ा और चुनाव जीता . इस बार स्वयं लोकप्रिय कार्यकर्ता सुनील मैदान में हैं . सुनील दोसाद के सामने कांग्रेस समर्थित प्रत्याशी हरीश जीना हैं पूर्व प्रधान जीना अपनी व्यक्तिगत छवि से भारी पड़ सकते हैं, साथ में पूर्व विधायक ललित फ़र्सवान का तूफानी प्रचार है . चुनाव प्रचार के दौरान स्वतंत्र प्रत्याशी भाष्कर बोरा ने भी ठीक ठाक जन सहयोग जुटा लिया है. आज भाष्कर बोरा की चुनावी रैली में उमड़ी भीड़ दूसरे विकास खंड की नहीं थी. देवनाई घाटी की जनता इतनी भारी संख्या में जुटी है बिना प्रलोभन के तो यह एक संकेत है राष्ट्रीय दलों के लिए कि सत्ता के खेल में जनता ही निर्णायक होती है. स्वतंत्र प्रत्याशी भाष्कर बोरा ने अपने क्षेत्र की प्रमुख समस्याओं पर ध्यान केंद्रित किया.
देवनाई चौखुटिया गेवाड़ मोटर मार्ग, गाव के रास्ते, अस्पताल, शिक्षा, युवाओं के लिए स्थानीय स्तर पर रोजगार, ग्रामीणों की पेंशन, आवास आदि मूल भूत मुद्दों पर बात कर भाष्कर बोरा ने राजनीति के पंडितों को चिंता में डाल दिया है. अब लोग कहने लगे हैं कि पंचायत चुनाव को राष्ट्रीय दलों की चकाचौध से मुक्त करना होगा और ग्राम स्वराज की अवधारणा को स्थापित करना होगा. बहरहाल गरुड़ पंचायत चुनाव में अबकी स्वतंत्र प्रत्याशियों का बोल बाला हो सकता है इस बात से इनकार नहीं कर सकते .