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डाक चौपाल : सरकारी योजनाओं का सेतु


गॉव में पोस्ट मैन आता तो एक उत्सुकता जग जाती थी। किसी का तार, किसी का मनी ऑडर, किसी की प्रेम पाती सब कुछ डाक विभाग के मुस्तैद पोस्ट मैन की पर निर्भर था। अशिक्षा थी तो पोस्ट मैन पत्र वाचने के साथ लिख भी देता। संचार और पहाड़ की आर्थिकी का मुख्य केन्द्र तब डाक विभाग ही था। संचार क्रांति का युग आया इंटरनेट और मोबाइल फोन के आते ही डाक विभाग लगभग हाशिए में चला गया। तब सरकार का राजस्व प्रभावित हुआ तो लाखों डाक कर्मियों की नौकरियों पर भी खतरा मंडराने लगा। ऐसे में केन्द्र सरकार ने डाक विभाग को पुनः खड़ा करने के लिए डाक चौपाल की शुरूआत की है। आज 25 जुलाई 2024 को गरूड़ विकास खण्ड सभागार में पहली डाक चौपाल कार्यशाल का आयोजन किया गया। दूर दराज के गॉवों में जनता की जेब से पैसा निकाल कर डाक विभाग के विभिन्न जमा योजनाओं में डालने के लिए कुछ आकर्षक जमा योजनाएं लागू की गई हैं। किसान नीधि की किश्तें आसानी से किसानों के खाते में आ सके इसके लिए India post payment bank नाम से नई जमा योजना लाई गई है अब किसान को मात्र 200 रूपए में अपने नजदीकी डाक विभाग में एक खाता खोलना है और रूकी हुई किसान नीधि की किश्तें खटा-खट किसान के नये खाते में टा्रंसफर हो जाएंगी।
पहाड़ के नागरिक इन दिनों आधार कार्ड में आ रही व्यवस्थागत खामियों का शिकार हो रहे हैं। हर सरकारी योजना में आधार कार्ड जरूरी है। बैंक खाते से भी आधार कार्ड नंबर जुड़ा है। एक आम आदमी जिसे कम्प्यूटर और आधार कार्ड के ऑन लाइन सिस्टम की जानकारी नहीं है अपने दस्तावेज लेकर लगी मौहल्ले में खुल चुके प्राईवेट आधार केन्द्रों में जाता है और पैसे के साथ अपना वक्त भी खराब करता है। कई सारे चक्कर काटने के बाद उसे पता चलता है कि आधार केन्द्र में बैठे अकुशल ऑपरेटरों की गलती का खामियाजा उसे भुगतना होता है। आधार कार्ड में जन्मतिथि संशोधित करने का सिर्फ एक मौका मिलता है यदि ऑपरेटर की गलती से जन्मतिथि गलत प्रिन्ट हो गई तो कार्ड धारक को दिल्ली रिजनल केन्द्र से संशोधन कराना होता है। इस बात के लिए स्थानीय आधार केन्द्र क्यों नहीं मिम्मेदारी लेता ? जबकी पैसा तो यही लोग आम जनता की जेब से कमाते हैं। डाक चौपाल कार्यशाला में इस मुद्दे पर भी चर्चा हुई बागेश्वर डाक उपनीरिक्षक ने जानकारी दी कि जल्दी ही गरूड़ डाक घर में आधार कार्ड संशोधन की सेवा नागरिकों के लिए खोल दी जायेगी। कार्यशाला का संचालन जयगिरी गोस्वामी ने किया।
कार्यशाला में निम्न लोग मौजूद थे। देव सिंह पांगती, निरीक्षक डाकघर, पंकज गोस्वामी, ब्रांच पोस्ट मास्टर कपकोट,  मदनमोहन नेगी,दीपक कोहली, जगदीश चन्द्र जोशी, समाज कल्याण अधिकारी, हेमा बिष्ट, ब्लाक प्रमुख, रमेश सिंह बिष्ट, बीडीओ, नन्दन सिंह अल्मियां, प्रदीप मेहरा, बहादुर सिंह आदि मौजूद थे।

विपिन जोशी

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