दुखद – कत्यूर रामलीला कमेटी के मजबूत स्तंभ बंशी गिरी भगतजी आज प्रातः 4 बजे दुनियां के रंग मंच से विदा हो गए, उनकी भूमिका का पटाक्षेप हो गया.
72 वर्षीय बंशी गिरी ने चालीस साल तक दशरथ की भूमिका निभाई. रंग मंच से उनका गहरा लगाव रहा. बंशी गिरी की खनकदार आवाज उनकी भजन गायकी कत्यूर घाटी के हर रामायण और भजन संध्या में याद की जाएगी. प्रातः उनकी मृत्यु की खबर सुन भारी संख्या में लोगों का जमावड़ा उनके निवास स्थल में जुट गया.
कत्यूर रामलीला कमेटी के संरक्षक पूर्व विधायक ललित फर्सवाण ने गहरा दुख प्रकट करते हुए कहा कि बंशी गुर का यूं चले जाना कत्यूर घाटी के लिए बड़ा नुकसान है । रंगमंच और संगीत से जुड़े लोग इसे समझ सकते हैं.
दर्जा राज्य मंत्री शिव सिंह बिष्ट, नन्दन सिंह अलमियां, दयाल गिरी, भुवन पाठक, गोरी शंकर, नीरज पंत, संजय फर्सवाण, अशोक रावत, दिनेश बिष्ट, दिवान जी, हरीरा रावत, राजेन्द गोस्वामी, कैलाश भयेड़ा, प्रकाश कोहली,दयाल काला, गिरीश कोरंगा, लक्ष्मण आर्या, प्रकाश चन्द्र, आदि ने शोक संवेदना व्यक्त की.

















